किसान आंदोलन-भाकियू ने धरना प्रदर्शन कर दिया ज्ञापन

मुजफ्फरनगर। कृषि कानूनों को वापिस लिए जाने सहित किसानों की अनेक मांगों को लेकर भाकियू कार्यकर्ताओं ने सदर तहसील में जोरदार नारेबाजी के बीच धरना प्रदर्शन करते हुए एसडीएम सदर को ज्ञापन दिया। किसानों ने कहा कि जब तक सरकार कृषि कानूनों को वापस नहीं लेती है तब तक किसानों का आंदोलन जारी रहेगा।
शनिवार को भाकियू हाईकमान के निर्देश पर जनपद की सदर, चरथावल, पुरकाजी, बघरा, आदि ब्लॉक के भाकियू कार्यकर्ताओं ने शहर के मेरठ रोड स्थित सदर तहसील परिसर में जोरदार नारेबाजी के बीच धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि सरकार नए कृषि कानून लाकर किसानों की कमर तोड़ने पर लगी हुई है। किसानों के ना चाहने पर भी सरकार द्वारा किसानों पर जबरदस्ती नए कृषि कानून लादे जा रहे है। जिसके चलते किसानों को आंदोलन करने के लिए मजबूर होना पड़ा है।
वक्ताओं ने आरोप लगाया कि प्रदेश की चीनी मिलों को चलते हुए कई माह हो चुके हैं, लेकिन किसानों द्वारा शुगर मिल में डाले जा रहे गन्ने की पर्ची के ऊपर अभी तक दाम अंकित नहीं किए गए हैं। सरकार ने 14 दिनों में किसानों को गन्ना भुगतान का वायदा किया था, लेकिन अपने वायदे पर प्रदेश सरकार खरी नहीं उतरी है। गाजीपुर बॉर्डर पर भाकियू द्वारा किसानों के साथ दिए जा रहे धरने को सरकार जबरिया खत्म कराने पर तुली हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग किसानों का जमकर उत्पीड़न कर रहा है, लेकिन सरकार किसानों की सुनवाई नहीं कर रही है। कई गांव में रेलवे व सडकों के लिए अधिग्रहित की गई किसानों की जमीन का अभी तक मुआवजा नहीं मिला है। वक्ताओं ने कहा कि किसान अब अपने मान-सम्मान की लड़ाई के लिए सड़कों पर उतर आया है। सरकार को किसान की आवाज सुनी ही होगी और तीनों कृषि कानून वापिस लेने पडेंगे। बाद में भाकियू पदाधिकारियों ने किसानों के साथ एसडीएम सदर दीपक कुमार को भारत सरकार के नाम संबोधित अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन दिया और भारत सरकार से किसानों की समस्याओं के निराकरण की मांग की।

भाकियू के धरना प्रदर्शन के चलते किसी भी स्थिति से निपटने के लिए सदर तहसील और शहर के कई स्थानों पर प्रशासन की ओर से व्यापक सुरक्षा के बंदोबस्त करते हुए भारी संख्या में पुलिस फोर्स की तैनाती की गई थी। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सवेरे से ही स्थिति पर अपनी नजरें जमाये हुए थे। धरना प्रदर्शन करने वालों में भाकियू के ब्लॉक पुरकाजी अध्यक्ष मांगेराम त्यागी, सदर तहसील अध्यक्ष विकास शर्मा, महानगर अध्यक्ष शाहिद आलम पप्पी, बघरा ब्लॉक अध्यक्ष राजेंद्र सैनी, चरथावल ब्लॉक अध्यक्ष सतीश भारद्वाज, राशिद कुरैशी, विवेक त्यागी, गुलबहार शेरपुर और दानिश प्रधान पावटी आदि मुख्य रूप से शामिल रहे।