सपा समर्थक भी हुए बाबा बुलडोजर के मुरीद-दुकान का बदलकर रखा यह नाम

वाराणसी। उत्तर प्रदेश में 18 वीं विधानसभा के गठन के दिए हुए चुनाव प्रचार के दौरान बुलडोजर बाबा की जमकर तूती बोली थी। यह बुलडोजर बाबा का ही असर रहा है कि अपराधियों एवं माफियाओं की संपत्ति पर चले बुलडोजर को फेवरेट मानते हुए मतदाताओं ने एक बार फिर से भाजपा को प्रचंड बहुमत के साथ राज्य की सत्ता सौंप दी है। बुलडोजर बाबा की महिमा देखिये कि लोग अभी तक भी उसके मुरीद हो रहे हैं। एक सपा समर्थक ने बुलडोजर बाबा एवं भाजपा से प्रेरित होकर अपनी चाय और लस्सी की दुकान का नाम ही बदलकर बुलडोजर बाबा टी स्टाल एवं गौशाला लस्सी भंडार रख दिया है।
उत्तर प्रदेश में योगीराज पार्ट-2 सरकार दोबारा से राजकाज संभालकर अपने काम में जुट गई है और अधूरे छोडे गये कार्यो को पूरा करने की तरफ कदम बढाते हुए नई योजनाओं का खाका तैयार करने में जुट गई है। 18 वीं विधानसभा के लिए हुए चुनाव के दौरान लोकप्रियता के शिखर तक जा पहुंचा बुलडोजर बाबा अभी तक भी लोगों के बीच अपना घना असर दिखा रहा है। अपराधियों एवं माफियाओं के खिलाफ बुलडोजर के चलने से अब सपा समर्थक भी बाबा बुलडोजर के मुरीद होने लगे हैं।
वाराणसी में सपा समर्थक दुकानदार ने अपनी चाय और लस्सी की दुकान का नामकरण करते हुए बुलडोजर बाबा टी स्टाल एवं गौशाला लस्सी भंडार रख लिया है। दुकानदार का साफतौर से कहना है कि वह पढ़ा लिखा नहीं है, लेकिन इस बात को बखूबी जानता है कि बाबा योगी आदित्यनाथ उत्तर प्रदेश में बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। इसलिए महाराज जी से प्रभावित होकर मैंने इस मर्तबा विधानसभा चुनाव में पहली बार भारतीय जनता पार्टी को अपना वोट दिया है।
दरअसल वाराणसी के बड़ा लालपुर नटिनियादाई इलाके में रामसूरत यादव चाय, लस्सी, दूध दही, पनीर, रबड़ी और मलाई की दुकान चलाते हैं। दुकान खोले हुए रामसूरत यादव को 2 वर्ष से भी ज्यादा का समय हो गया है लेकिल अभी तक रामसूरत ने अपनी दुकान का नामकरण नहीं किया था। विधानसभा के लिये हुए चुनाव के बाद जब एक बार फिर से राज्य में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनी तो रामसूरत यादव ने अपनी दुकान का नामकरण करते हुए बुलडोजर बाबा टी स्टाल एवं गौशाला लस्सी भंडार रख दिया है।