सपा सरकार के एजेंडे में नहीं थी जन सुरक्षा: योगी
मथुरा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पिछली समाजवादी पार्टी (सपा) सरकार के एजेन्डे में जनता की सुरक्षा को कभी महत्व नहीं दिया गया क्योंकि सुरक्षा के लिए वे स्वयं सबसे बड़ा खतरा थे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मांट विधानसभा क्षेत्र के टेटीगांव कस्बे में भाजपा प्रत्याशी राजेश चौधरी के समर्थन में आयोजित जनसभा को संबाेधित करते हुए कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में कानून व्यवस्था का आलम इस कदर खराब था कि कोई प्रदेश में आना पसन्द नही करता था। व्यापारी शाम पांच बजे अपने प्रतिष्ठान बंद करके घर चले जाते थे जबकि बेटियां स्कूल जाने से कतराती थीं। महिलाएं सूर्यास्त के बाद घर से नहीं निकलती थीं। शाम को जो घर से निकलता था, उसके वापस घर लौटने पर संशय बना रहता था। प्रदेश में एक प्रकार से अराजकता का माहौल था। सपा के कार्यकाल में 700 दंगे हुए तथा पहला दंगा कोसी में हुआ था वहीं भाजपा के कार्यकाल में एक भी दंगा नही हुआ। 2017 के बाद हर व्यक्ति को सुरक्षा मुहैया करायी गई।
योगी ने कहा कि कुंभ का आयोजन करने का मौका सपा और बसपा को भी मिला लेकिन वे उसकी व्यवस्था ठीक से नहीं कर पाए। सपा के समय तो कुंभ गंदगी और अव्यवस्था का नमूना बन गया था मगर 2019 में भाजपा को मौका मिला तो कुंभ का ऐसा आयोजन हुआ कि उसने अंतर्राष्ट्रीय पहचान बनाई। आज अयोध्या और काशी का विकास हो रहा है तथा ब्रज का समग्र विकास उप्र ब्र्रज तीर्थ विकास परिषद से कराया जा रहा है जबकि उनके समय में ब्रज उपेक्षित था। प्रदेश की भाजपा सरकार ने 700 तीर्थो एवं मन्दिरों का पुनरूद्धार कराया वहीं सपा के कार्यकाल में विकास केवल कब्रिस्तान की बाउंड्री बनाने तक सीमित था ।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह चुनाव कोरोना के समय हो रहा है लेकिन इसके बेहतर प्रबंधन के कारण लोगों की जान बच रही है। कोरोना काल में लोगों का जीवन, जीविका मुफ्त टेस्ट, मुफ्त चिकित्सा और मुफ्त वैक्सीन देकर इस सरकार ने बचाया। अभी तक 72 प्रतिशत लोगों ने दूसरी डोज ले ली है। जो लोग इसे मोदी और भाजपा की वैक्सीन बताकर लोगों को बरगला रहे थे, उसी वैक्सीन ने लोगों की जान बचाई। डबल इंजन की सरकार ने उन्हें मुफ्त राशन उपलब्ध कराया। जिसने जान बचाई उसी को वोट भी दिया जाना चाहिए।
योगी ने कहा कि सपा के समय में लोग भूख से मरते थे क्योंकि जो पैसा आता था, वह इत्र वालों के घर में चला जाता था इसीलिए जब इत्र वालों के यहां छापा पड़ा तो सपा,बसपा संवेदना व्यक्त करते हुए उसे बचाने में लग गए। जिन लोगों ने दलितों, गरीबों को लूटा है, उन पर इस सरकार ने बुलडोजर चलाया है। यह इसलिए भी किया जा रहा है कि इन्होंने किसान, विधवा, विकलांग आदि के लिए कुछ नहीं किया क्योंकि यह पैसा सपा के पदाधिकारियों में बंदर बांट हो जाया करता था। भाजपा सरकार ने एक करोड़ लोगों और दिव्यांगों को 12 हजार रूपए हर साल उपलब्ध कराया। उनका कहना था कि यह उन्होंने उन पर कोई उपकार न करके 'त्वदीयं वस्तु गोविन्दम तुभ्यमेव समर्पये' का प्रतिपादन किया । वास्तव में सरकार ने राजस्व बढ़ कर गरीबों की मदद की।
इस अवसर पर मांट से भाजपा प्रत्याशी राजेश चैधरी का परिचय देते हुए उन्होने कहा कि 1990 के दशक में वे तत्कालीन भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुरली मनोहर जोशी के साथ कश्मीर गये थे जब वहां से कश्मीरी पंडितो का पलायन हो रहा था। लाल चौक पर तिरंगा फहराया था, बाद में मोदी ने वहां स्थाई रूप से तिरंगा फहराया। उन्होंने राजेश चौधरी को भारी बहुमत से विजयी बनाने की अपील की।
योगी ने कहा कि पिछली सरकार में सुरक्षा को प्राथमिकता न देने के कारण कोसी में दंगा हुआ। आगरा और बुलन्दशहर में उपद्रव हुआ, जवाहरबाग में हिंसा में दो पुलिस अधिकारी मारे गए, भ्रष्टाचार चरम पर था जबकि भाजपा सरकार में सुरक्षा को प्राथमिकता दी गई क्योंकि बेहतर कानून व्यवस्था विकास की पहली शर्त है।
उन्होंने इस अवसर पर गंगा की निर्मलता का जिक्र करते हुये कहा कि यमुना भी इसी प्रकार से निर्मल होगी। पिछले पांच साल में प्रदेश में कानून का राज देकर विकास का इतिहास बनाया। मुख्यमंत्री ने प्रारंभ में भारतीय संस्कृति, संगीत और परंपरा को बढ़ाने वाली भारत रत्न लता मंगेशकर के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
वार्ता