प्रधानमंत्री के ट्वीट पर कुमारी सैलजा का वार

सिरसा। हरियाणा कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष कुमारी सैलजा ने आज यहां कहा कि एक ट्वीट कानून नहीं हो सकता और अगर केंद्र सरकार के मन में चोर नहीं है तो कानून में न्यूनतम समर्थन मूल्य का प्रावधान करने के बजाय प्रधानमंत्री सिर्फ ट्वीट क्यों कर रहे हैं।
कुमारी सैलजा यहां अनाज मंडी में किसानों के धरने पर जाने से पूर्व जिला पार्टी कार्यालय में पत्रकारों से बात कर रही थीं। उन्होंने राज्यसभा से निलंबित किए गए 8 सांसदों का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा सरकार का लोकतंत्र से विश्वास उठ चुका है। उन्होंने कहा कि सरकार के नुमाइंदे ट्वीट कर अपनी बातें रख रहे हैं और आमने-सामने बातचीत करने में विश्वास नहीं है। उन्होंने सरकार पर एमएसपी को लेकर भी गुमराह करने के आरोप लगाए।
बाद में धरने को अपनी पार्टी का समर्थन घोषित करते हुए उन्होंने धरनारत किसानों को आश्वासन दिया कि कांग्रेस के सत्तारूढ़ होने पर मौजूदा सरकार के पारित किए गए तीनों कानूनों को वापस किया जाएगा। उन्होंने इन कानूनों को काले कानून की संज्ञा दी।उन्होंने सिरसा जिला मुख्यालय पर धरना पर बैठे शारीरिक शिक्षकों आशा वर्कर आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को भी संबोधित किया और आश्वासन दिया कि बर्खास्त शारीरिक शिक्षकों की बहाली के लिए आने वाले सत्र में उनकी पार्टी प्राइवेट बिल सदन में लाएगी।
वार्ता