एचसी की फटकार के बाद कील कांटे दुरूस्त करने में जुटा चुनाव आयोग

लखनऊ। चुनाव ड्यूटी के दौरान हुई कर्मचारियों की मौत को लेकर चुनाव आयोग ने प्रत्याशियों के लिए गाइड लाइन जारी की है। चुनाव आयोग की गाइडलाइन के मुताबिक मतगणना केन्द्र पर पहुंचने से पहले प्रत्याशियों और उनके एजेंटों के लिए कोरोना रिपोर्ट दिखानी होगी। आयोग ने कहा कि मतगणना केन्द्र पर आने वाले प्रत्याशी और उनके एजेंटों को आरटी-पीसीआर की जांच और पूर्ण टीकाकरण रिपोर्ट दिखानी होगी। इसके बाद ही उन्हें मतगणना केन्द्र पर प्रवेश मिलेगा। आपको बता दें कि एक दिन पहले ही इलाहाबाद हाईकोर्ट ने चुनाव आयोग से जवाब-जवाब किया था। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने प्रदेश में पंचायत चुनाव के दौरान सरकारी कर्मचारियों की कोरोना से मौत को गम्भीरता से लेते हुए राज्य निर्वाचन आयोग के क्रियाकलापों की कड़ी निंदा की थी। कोर्ट ने आयोग व इसके 27 अधिकारियों से स्पष्टीकरण मांगते हुए उनसे पूछा था कि पंचायत चुनाव के दौरान कोविड गाइड लाइन का पालन करने में आयोग कैसे विफल रहा। कोर्ट ने पूछा कि क्यों न उन्हें इसके लिए दंडित किया जाए। ऑक्सीजन संकट पर कोर्ट ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि यह शर्म की बात है कि आजादी के सात दशक के बाद भी हम लोगों को आॅक्सीजन नहीं दे पा रहे हैं। गौरतलब है कि बृहस्पतिवार को प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के तहत चैथे व अंतिम चरण के मतदान के तहत विभिन्न मतदान केंद्रों पर वोट डाले जायेंगे। इसके बाद आगामी दो मई से पंचायत चुनावों की मतगणना होगी। जिन जनपदों में मतदान की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है वहां पर जिला प्रशासन मतगणना की व्यवस्था की तैयारियों में जुट गया है। मतगणना में लगाये जाने वाले कर्मियों को प्रशिक्षण दिये जाने का काम चल रहा है।
