गणेशोत्सव अभिभावकों के लिए बना वरदान- गेम छोड़ बच्चे कर रहे यह काम

नई दिल्ली। गणेश चतुर्थी के साथ आरंभ हुआ गणेश महोत्सव बच्चों की गेम लत से परेशान अभिभावकों के लिए बड़ा वरदान साबित हुआ है। मोबाइल पर गेम खेलना छोड़कर अब बच्चे गणेश उत्सव में एक्टिव रहते हुए व्यस्त दिखाई दे रहे हैं। वाद्य यंत्र सीख रहे बच्चे मोबाइल गेम को खेलना भूल गए हैं।
दरअसल आजकल के मौजूदा समय में मोबाइल पर गेम खेलना बच्चों के लिए सबसे बड़ा जरूरी काम बना हुआ है। हालात कुछ ऐसे हो चले है कि मोबाइल पर गेम खेलने में व्यस्त बच्चे पढ़ने लिखने के साथ अन्य काम को भी भूल जाते हैं। लेकिन गणेश चतुर्थी के साथ शुरू हुए गणेशोत्सव की वजह से अब अनेक बच्चे मोबाइल पर गेम खेलना छोड़कर यहां के पारंपरिक वाद्य यंत्र को सीखने के प्रति अपनी ललक दिखा रहे हैं।
गणेश उत्सव के दौरान एक्टिव रहते हुए बच्चे अब घूमत नामक वाद्य यंत्र सीखने के प्रति अपनी रुचि दिखा रहे हैं। वाद्ययंत्र बजाना सीख रहे बच्चों में शामिल 2 साल का एक बच्चा नितेश नाईक रोजाना नियमित रूप से मंदिर जाता है और वापिस लौटकर वाद्ययंत्र सीखने में व्यस्त हो जाता है।
दक्षिण गोवा के सिहोरा गांव के बच्चे अभी घूमत यंत्र बजाना सीखने के साथ गायन की कला सीखने के प्रति अपनी गहरी रूचि दिखा रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि गोवा में घूमत आरती के अंतगर्त कुछ पारंपरिक गीत होते हैं जो 10 दिन तक चलने वाले गणेश उत्सव के दौरान पंडाल में गाए जाते हैं।