संसद में घुसपैठ के मास्टर माइंड ने सरेंडर से पहले सबूत किए..
संसद में सनसनी फैलाने वाली घटना के सूत्रधार ललित झा ने सरेंडर से पहले सबूत नष्ट कर दिए।;
नई दिल्ली। संसद की सुरक्षा में सेंध लगाकर बाहर और भीतर हंगामा करने के मामले का मास्टरमाइंड बताए जा रहे आरोपी ने समर्पण से पहले अपने दिमाग की बत्ती को जलाते हुए इसके सबूतों को राख कर दिया है। सुरक्षा कर्मियों द्वारा पकड़े गए चारों आरोपियों के कब्जे में लिए गए मोबाइल फोन मास्टर माइंड ने आत्म समर्पण करने से पहले ही जला दिए हैं।
संसद की सुरक्षा में सेंधमारी करते हुए देशभर में हंगामा करने के मामले के मास्टरमाइंड होना बताए जा रहे ललित झा ने बृहस्पतिवार की देर रात अपने एक साथी के साथ थाने पहुंच कर सरेंडर कर दिया है। लेकिन जब वह थाने पहुंचा तो उसके पास पहले से गिरफ्तार किए गए चार आरोपियों के मोबाइल फोन नहीं थे। वारदात से पहले ही मास्टरमाइंड ललित झा उन चारों के मोबाइल लेकर भाग गया था।
जानकारी मिल रही है कि सरेंडर करने से पहले ही ललित झा ने वह चारों मोबाइल फोन जलाकर ठिकाने लगा दिए हैं। पूछताछ में उसने इस बात को स्वीकार भी किया है।बताया जा रहा है कि राजधानी दिल्ली में सरेंडर करने से पहले संसद हमले का मास्टरमाइंड राजस्थान में छिपा हुआ था और वहीं पर ही उसने चारों आरोपियों के फोन जलाकर ठिकाने लगाए हैं।
जानकारी मिल रही है कि पूछताछ में सरेंडर करने वाले ललित झा ने बताया है कि वह राजधानी दिल्ली से चलकर पहले कुचामन गया था और वहां पर अपने दोस्त महेश से मुलाकात करने के बाद उसके यहां रुकने की व्यवस्था कराई।ललित ने बताया है कि उसने महेश और कैलाश के साथ मिलकर चारों आरोपियों के फोन नष्ट कर दिए हैं।
हालांकि पुलिस अभी तक उसकी बात पर भरोसा नहीं करते हुए मामले की तहकीकात में जुटी हुई है। क्योंकि संसद में घुसपैठ की साजिश की तह तक पहुंचने के लिए पहले गिरफ्तार किया जा चुके चारों आरोपियों के मोबाइल फोन की बरामद की बहुत ही अहम है।