पैग़ाम ए इंसानियत ने अल्पसंख्यक अधिकार दिवस पर गरीबो को बांटे कम्बल

पैग़ाम ए इंसानियत ने अल्पसंख्यक अधिकार दिवस पर गरीबो को बांटे कम्बल

मुज़फ्फ़रनगर । पैगाम-ए-इंसानियत संस्था ने लगातार पांचवी बार 18 दिसंबर अन्तर्राष्ट्रीय अल्पसंख्यक अधिकार दिवस के अवसर पर रहमानिया कालोनी स्थित अपने कैम्प कार्यालय पर एक गोष्ठी का आयोजन किया इस मोके पर पैगाम-ए-इंसानियत के 2019 के पंचांग व उर्दू कैलेंडर के विमोचन के साथ-साथ गरीब और जरूरतमंद लोगो को कम्बल भी वितरित किये गए।

कार्यक्रम का संचालन गौहर सिद्दीकी ने तथा अध्यक्षता उद्योगपति अशोक अग्रवाल ने की। मुख्य अतिथि रेवती नंदन सिंघल व व्यापारी नेता संजय मित्तल रहे।

कार्यक्रम मे संस्था के अध्यक्ष आसिफ राही ने बोलते हुए कहा कि अल्पसंख्यक समाज मे खासकर मुसलिम आर्थिक व सामाजिक स्तर पर अन्य अल्पसंख्यक समुदायों से बहुत पिछड़ा हुआ है जिसका सबसे बड़ा कारण शिक्षा की कमी है । जो योजनाएं केंद्र व राज्य सरकारो द्वारा चलायी जा रही है वो पहले से ही नाकाफी है उस पर सोने पे सुहागा ये कि वो योजनाए अल्पसंख्यको तक पहुंचने से पहले ही सरकारी खज़ानो मे वापस चली जाती है। अल्पसंख्यकों के अधिकारों की रक्षा के लिये सरकार को गंभीरतापूर्वक कदम उठाने की जरूरत है।


उन्होंने अल्पसंख्यक समुदाय से अपील की कि हम जब तक शिक्षा के प्रति जागरूक नही होंगे तब तक अपने अधिकारो का पूर्ण रूप से उपयोग नही कर सकते है।

अध्यक्षता कर रहे अशोक अग्रवाल ने कहा कि प्रदेश और केन्द्र सरकार को अल्पसंख्यकों के हितों की रक्षा के लिए योजनाओं और कानून को सख्ती से लागू कराना होगा ताकि अल्पसंख्क अपने आपको देश की मुख्य-धारा से जुडा हुआ महसूस करे और देश के विकास में अपने आपको सहभागी पाये.

गौहर सिद्दीकी ने केन्द्र सरकार से अल्पसंख्यक समुदाय के हित के लिये रंगनाथ मिश्रा की रिपोर्ट व सच्चर समिति की सिफारिशों को तुरन्त लागू करने की मांग करते हुए कहा कि आज अल्पसंख्यकों के नाम पर चलने वाली योजनाए केवल घोषणा तक सीमित रह गई है उन पर अमल नही हो पा रहा है क्योंकि कोई निगरानी करने बाला नहीं है.

मूसा कासमी ने कहा कि भारत का अल्पसंख्यक समुदाय खासकर मुसलमान आज हर तरह से पिछडा हुआ है, हम सिर्फ चुनाव के समय राजनीतिक पार्टियों के लुभावने वादों और घोषणा पत्रों मे ही दिखाई देते है बाद मे नही।

कार्यक्रम मे मुख्य रूप से,महबूब आलम एडवोकेट,मौ अली अलवी,बदर खान,नज़र खान,मौ अहमद खान,तहसीन अली,अमीर आजम खान,मौ नईम, शहजाद कुरैशी,शक्ती सिंह,दिलशाद पहलवान,फैजान अंसारी,अमीर आजम (कल्लू),असद फारुकी,शाहवेज़ राव,अरशद राही,शाहिद आलम,इशरत त्यागी, महबूब अनवर, शहजाद राही,शाहनवाज खान,मुजफ्फर गुडडा हिदायत-उल्लाह खान,दिलशाद अंसारी,शरीफ कुरैशी,अजीम खान,आदि मौजूद रहे।



epmty
epmty
Top